जिंदगी की किताब लिखने का शौक नही मुझे | पर तेरे जाने के बाद कोई काम नही मुझे | तेरे साथ नही रहना है मुझे | क्यू की तुने गम दिये है मुझे | :-Pranav Vispute PV
जो नही है उसकी पुजा कर के क्या मिलेगा | जो है उनको लात मार के क्या मिलेगा | ऐसी ही जालिम दुनिया है | इन्हे जिंदगी मे प्यार कभी नही मिलेगा | :-Pranav Vispute PV
जैसे चाँद के बिना रात नही होती | जैसे सुरज के बिना सुबह नही होती | जैसे टोस्ट के बिना चाय नही होती | वैसे दोस्त के बिना जिंदगी नही होती | :-Pranav Vispute PV
शायद सिर्फ चार महीने काही साथ था हमारा| जो भी लम्हे गुजारे है ईन चार महीनो मै | हमेशा याद रखूँगा बुरे हो या अच्छे | तुम जैसे यारो से दुर होनेका दुख है मुझे | पर खुदा ने सजा दी है मेरे गलती की मुझे | :-PRANAV VISPUTE PV
दिल ने पुकारा तुझे प्यार से | पर तुने उसे अनसुना किया | मै आया था तुझसे बात करने | पर तुने अपना नाम नही बताया | अब क्या कहू मै ईस दिल से तुही बता | क्यू की मेरा दिल मेरे पास न रहा | :-PRANAV VISPUTE PV
रक्षा का वादा मेने किसीसे किया है | हो बहेन है मैरी जिसका साथ निभाना है | क्या करू उसके लिए उसने तो हर वक्त मुझे भहोत पिटा है | फिर भी प्यार करता हु उससे | क्यू की हर भाई का यही फर्ज है | :-PRANAV VISPUTE PV