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Showing posts from 2018
गुरु जिसे कहे दुनिया | हो ग्यान का समंदर है | जिसमे बहते जाना हमे है | क्यू की मंजिल हमारी समंदर मे है |                                       :-Pranav Vispute PV
जैसे कोयले से हिरा निकलता है | जैसे मिट्टी से मटका बनता है | जैसे सिप से मोती निकलता है | वैसे गुरु से समाज बनता है |                                  :- Pranav Vispute PV
जैसे पत्थर को तराशके हिरा बनाते है | जैसे मिट्टी को भिगोके मटका बनाते है | वैसे गुरू हमे अच्छा इंसान बनाते है |                               :-Pranav Vispute PV
आज जन्मदिन है उसका | जिससे मे प्यार करता हूं | हो दोस्त है मेरा जिसपे मे जान छिडकता हूं |                          :-PRANAV VISPUTE PV 
सर मे किसीके सामने झुकाता नही । क्यू की किसीके सामने हात मे फैलाता नही । खुदा हूं मे खुद का । क्यू की मुझे किसीपे भरोसा नही ।                           :-PRANAVVISPUTE PV 
साथ निभाया किसने | प्यार दिया जिसने | दादाजी नाम है उनका जिना सिकाया जिसने  |                           :-PRANAVVISPUTE PV 
पापा कहते है उन्हे | जिन्होंने मुझे सिने से लगाया | क्या करता उनके लिए | उन्होंने तो सारा जाहा मेरे हतेली पे थमाया |                           :-PRANAVVISPUTE PV 
लिखता हुं चार लफ्ज प्यार के | सोचना नही पडता हर बात पे | क्यू की दिल की बात दिल ही जाने |                           :-PRANAVVISPUTE PV 
चाहती थी सर उठा के जिना | तुने सर झुकाने पे उसे मजबुर किया | क्या गलती थी उसकी | जो तुने उसपे बलात्कार किया |                           :-PRANAVVISPUTE PV 
बिना कहे समज जाती है वो | बिना मांगे दे जाती है जो | मुझसे प्यार करती है वो | मेरी माँ कहेलाती है जो |                          :-PRANAV VISPUTE PV 
ईस एक मुलाकात के लिये मै कितना तरसा हु है तु सोच नही सकता| क्यू की मुझसे जादा प्यार तुझसे कोई कर नही सकता|                          :-PRANAV VISPUTE PV 
मेरे दिल ने एक बात छुपाई  है| बिना मुझे बताये तुझसे महोबत कि है | काश काश तेरा दिल है बात समज पाता| और बिना तुझे बताये मुझसे महोबत कर पाता|                          :-PRANAV VISPUTE PV 
दिल बडा अजीब है ना| साला प्यार खुद करता है | पर बदनाम हमे करता है |                              :-pranav vispute pv 
दिल बच्चा है | पर सच्चा है | दिल डरता भी है | और तुझपे मरता भी है|                            :-PRANAVVISPUTEPV 
दिल की बात समज नही आती | साला हर बात से डरता है | पर तुझपे मरता है |                           :-PRANAVVISPUTE PV 
पहिली बार दिलकी बात ठूकराई है | ईसीकी सजा मुझे मिल रही है | मे क्या करता तुझे खोनेका डर मन मै था | हा पता है अभी भी तुझे पाया नही है| लेकीन हकसे तुझे रोक तो सकता हूना |                           :-PRANAVVISPUTE PV 
तुझे सिर्फ देखता राहा कुछ कह न सका | कहने को तो भहोत था पर कुछ कह न सका| दिल के हालात बया कर न सका | अफसोस है कि तेरे सामने कुछ कर न सका |                          :-PRANAV VISPUTE PV